CoolTraveling Welcomes You

द्वारकाधीश जगत मंदिर

 

द्वारका के राजा द्वारकाधिस के दर्शन के लिए निचे दी गयी फोटो पर क्लीक्ल कीजिए और धन्यता की अनुभूति कीजिए

      

भगवान श्री कृष्ण के पोते  व्रजभ  ने अपने दादा श्री कृष्णा के बारे में बहुत सुना था । और द्वारिका नगरी के बारे में भी बहुत सुना था। यह सुनकर व्रजभ ने भगवान ब्रह्मा जी से विनती की हमें अपने दादा श्री कृष्ण भगवान की Dwarkadhis Mandir और द्वारका नगरी देखनी है ।


महाकाल मंदिर उज्जैन

 

     

 

     महाकालेश्वर दर्शन समय भस्म आरती की पूजा सुबह 4:00 बजे से 6:00 बजे तक चलती है .भस्मा आरती करने के लिए आपको bhasmaarti booking कराना अनिवार्य है. भस्मा आरती का बुकिंग आपको 1 दिन पहले कराना पड़ता है.

भस्मा आरती में जाने के लिए पुरुष को धोती पहनना अनिवार्य है. और महिलाओं को साड़ी पहनना अनिवार्य है. but जब भगवान महाकाल को भस्म में चढ़ाई जाती है तब महिलाओं घुंघट निकालना पड़ता है. Mahakaleshwar Ujjain Darshan महिलाएं भस्मारती नहीं देख सकती.के 12:00 बजे से भस्म आरती के लिए लोग लाइन मैं लग जाते हैं.

 

भवनाथ महादेव गिरनार divine hill

            

 

    भवनाथ महादेव के बाजू में एक पवित्र कुंड हे । उसका नाम मृगी कुंड हे। कहीं सो साल पहले की बात है कि जब राजा भोज जंगल के अंदर शिकार करने के लिए निकले थे तब उन्होंने हिरण का झुंड देखा। और उस हिरण के झुंड के अंदर एक अलग प्रकार का हिरण था। वह हिरन आधा स्त्री जैसा दिखता था ।

   पूरी कथा के लिए  click  here 

Thank You For Visting Our Site